संगीत का कोई मज़हब, कोई ज़बान नहीं होती। 'रेडियोवाणी' ब्लॉग है लोकप्रियता से इतर कुछ अनमोल, बेमिसाल रचनाओं पर बातें करने का। बीते नौ बरस से जारी है 'रेडियोवाणी' का सफर।

Monday, April 16, 2007

इलाहाबाद का जमना नदी पर बना नया पुल ।



शहंशाह अकबर ने कहा था कि ये संसार एक पुल है, जिस पर हम ठहरने के लिए गुज़र जाने के लिए आये हैं । पुल पर कोई ठहरता नहीं । सिवाय खुद पुल के ।

मोबाईल कैमेरे से ली गई तस्‍वीर ।



1 comments:

शैलेश भारतवासी April 19, 2007 at 8:04 PM  

आप इलाहाबाद कब गये थे जनाब? चित्र नये पुल का है, मतलब ३ साल के अंदर ही गये हैं। छिप-छिपकर चले जाते हैं, बिना बतायें। हा॰॰हा॰॰हा॰॰हा

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